'जयपुर बुकमार्क' अनुवाद से जुड़ने का मंच - नीता गुप्ता #JaipurBookMark


'जयपुर बुकमार्क' अनुवाद से जुड़ने का मंच - नीता गुप्ता #शब्दांकन #JaipurBookMark

अगर आप नए लेखकों, नए विषयों, नई भाषाओँ, नए देश, नए साहित्य की तलाश में हैं, तो जयपुर बुकमार्क 2016 आपके लिए बिलकुल सही जगह है

 - नीता गुप्ता

जयपुर बुकमार्क की नीता गुप्ता ने जयपुर बुकमार्क (जेबीएम)  के बारे में बहुत कुछ बताया - निश्चय ही अनुवाद के क्षेत्र में जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल की यह पहल अनुवाद के भविष्य को उसकी वर्तमान दयनीय परिस्तिथियों से बाहर लाने का काम कर सकती है...

अगर आप नए लेखकों, नए विषयों, नई भाषाओँ, नए देश, नए साहित्य की तलाश में हैं, तो जयपुर बुकमार्क 2016 आपके लिए बिलकुल सही जगह है
दो साल पहले ज़ी जयपुर साहित्योत्सव ने जेबीएम के रूप में एक नई शुरुआत की। बिजनेस टू बिजनेस की संकल्पना पर आधारित जेबीएम का आयोजन जेएलएफ के ही समानांतर, नारायण निवास में दुनिया भर से आए प्रकाशकों, साहित्यिक एजेंट, लेखकों और अनुवाद एजेंसियों को आपस में मिलने, व्यापार करने, वक्ताओं को सुनने का मंच मुहैया कराता है।

जेबीएम के दूसरे संस्करण में भी पहले की तरह कई महत्वपूर्ण विषयों पर अर्थपूर्ण चर्चाएं हुईं, जिनमें डिजिटाइजेशन, लाईब्रेरी की महत्ता, व्यवसायों के सम्मिलन के सवाल और किताबों और फिल्मों के आपसी रिश्ते पर बात की गई। जेबीएम 2016 इन्हीं चर्चाओं को आगे बढ़ाता हुआ अनुवाद और अधिकार पर भी फोकस करेगा।
23 भाषाओँ के साहित्य से समृद्ध भारत लेखन के लिए उपयुक्त वातावरण उपलब्ध कराता है। जेबीएम न सिर्फ बेहतरीन लेखन को दुनिया के सामने लाने का मंच है, बल्कि यह भारतीय और अंतर्राष्ट्रीय भाषाओँ के बीच सेतु निर्माण की कोशिश करता है। जेबीएम 2016 जेबीएम अनुवाद अधिकार कैटलॉग भी तैयार करेगा। यह कैटलॉग जेबीएम वेबसाइट, और दुनिया भर में टीमवर्क आर्ट द्वारा आयोजित सहित्योत्सवों में उपलब्ध होगा।

इसी के साथ, हमारी योजना भारतीय भाषाओँ से होने वाले अनुवादों (8-10) के लिए फंड आयोजित करवाना भी है, यह भारतीय साहित्य को जेबीएम का छोटा सा योगदान होगा। वर्तमान में, भारत में ऐसा दूसरा कोई मंच नहीं है, जो आपको भारतीय साहित्य की संभावनाओं को जानने के साथ ही दुनिया भर के लेखकों और प्रकाशकों से जुड़ने का अवसर प्रदान करे।

इस शुरुआत से हम आशा करते हैं कि हम उन सवालों का जवाब दे पायेंगे, जो दुनिया भर के प्रकाशक अक्सर पूछा करते हैं: हम भारतीय साहित्य के बारे में कैसे जान सकते हैं? भारतीय भाषाओं और भारतीय भाषाओं से विदेशी भाषाओँ में अनुवाद कैसे किया जा सकता है? हम इस प्रयास को सफल बनाने के मकसद से आपको संबोधित कर रहे हैं।

रजिस्टर करने के लिए:

ज्यादा जानकारी के लिए ईमेल मेल:

जयपुर बुकमार्क का आयोजन 21 और 22 जनवरी 2016 को नारायण निवास जयपुर में, समारोह के मुख्य स्थल से 10 मिनट की दूरी पर, किया जाएगा, जहाँ आने जाने के लिए नियमित शटल सेवा भी उपलब्ध होगी।

००००००००००००००००

ये पढ़ी हैं आपने?

चौराहे का पेट्रोल पंप : रीता दास राम की मार्मिक कहानी
ईदगाह: मुंशी प्रेमचंद की अमर कहानी | Idgah by Munshi Premchand for Eid 2025
इफ़्तार: कहानी से सिनेमा तक
मन्नू भंडारी: कहानी - एक कहानी यह भी (आत्मकथ्य)  Manu Bhandari - Hindi Kahani - Atmakathy
'रक्षा-बन्धन' — विश्वम्भरनाथ शर्मा कौशिक की कहानी | Rakshabandhan - Vishwambharnath Sharma Kaushik
भवतु सब्ब मंगलं  — सत्येंद्र प्रताप सिंह | #विपश्यना
 प्रेमचंद के फटे जूते — हरिशंकर परसाई Premchand ke phate joote hindi premchand ki kahani
ज़ेहाल-ए-मिस्कीं मकुन तग़ाफ़ुल Zehaal-e-miskeen makun taghaful زحالِ مسکیں مکن تغافل
बिहारियों का विस्थापन: ‘समय की रेत पर’ की कथा
परिन्दों का लौटना: उर्मिला शिरीष की भावुक प्रेम कहानी 2025