ओम थानवी को 'माधवराव सप्रे राष्ट्रीय पत्रकारिता सम्मान' Madhav Rao Sapre National Journalism Award' to Om Thanvi

दैनिक समाचार पत्रों की मुख्यधारा की पत्रकारिता में
         साहित्य और संस्कृति पर विमर्श और बहस की परंपरा को
                                                         जीवन्त बनाए रखने वाले
                                               'जनसत्ता' के संपादक ओम थानवी को
'माधवराव सप्रे राष्ट्रीय पत्रकारिता सम्मान' से अलंकृत किया जाएगा।

ओम थानवी को माधवराव सप्रे राष्ट्रीय पत्रकारिता सम्मान


माधवराव सप्रे स्मृति समाचारपत्र संग्रहालय एवं शोध संस्थान, भोपाल की तीसवीं वर्षगांठ पर 19 जून 2014 को प्रतिष्ठित पत्रकार ओम थानवी एवं राजेन्द्र धोड़पकर और सुधी साहित्यकार सुरेश सलिल को उनके उत्कृृष्ट कृतित्व के लिए राष्ट्रीय पत्रकारिता सम्मान से अलंकृत किया जा रहा है। 

सप्रे संग्रहालय: तीसवाँ पड़ाव समारोह शृंखला के अंतर्गत स्वनामधन्य संपादक सच्चिदानंद हीरानंद वात्स्यायन ’अज्ञेय’ के पत्रकारीय अवदान पर ओम थानवी का व्याख्यान होगा। 

प्रकाशन की जन्म शताब्दी के उपलक्ष्य में ’एक भारतीय आत्मा’ दादा माखनलाल चतुर्वेदी की मासिक ’प्रभा’ के अवदान पर सुरेश सलिल वक्तव्य देंगे। राजेन्द्र धोड़पकर ’पत्रकारिता की संस्कृति’ का विश्लेषण करेंगे। सप्रे संग्रहालय की निदेशक डा. मंगला अनुजा ने बताया कि कार्यक्रम के मुख्य अतिथि उच्चशिक्षा मंत्री उमाशंकर गुप्ता होंगे। चित्रकला, लेखनकला और वक्तृत्वकला के अप्रतिम हस्ताक्षर अमृतलाल वेगड़ समारोह की अध्यक्षता करेंगे। कार्यक्रम सप्रे संग्रहालय भवन में पूर्वाह्न 10.00 बजे आयोजित है।
    
बहुआयामी प्रतिभा के धनी दैनिक ’हिन्दुस्तान’ के एसोसिएट एडिटर राजेन्द्र धोड़पकर शब्द और रेखाओं के चतुर चितेरे हैं। उन्हें ’लाल बलदेवसिंह राष्ट्रीय पत्रकारिता सम्मान’ से और सुधी साहित्यकार सुरेश सलिल को ’महेश गुप्ता स्मृति सृजन सम्मान’ से अलंकृत किया जाएगा। सुरेश सलिल ने योद्धा पत्रकार शहीद गणेशशंकर विद्यार्थी के समूचे रचनाकर्म को चार खण्डों की रचनावली में संजोकर भावी पीढ़ियों के लिए संरक्षित कर दिया है। 
    
उल्लेखनीय है कि संग्रहालय प्रतिवर्ष अपने स्थापना दिवस पर राष्ट्रीय पुरस्कारों से ख्यात पत्रकारों को अलंकृत करता है। इस क्रम में ’माधवराव सप्रे सम्मान’ से 
सर्वश्री हरिवंश, 
जगदीश उपासने, 
रामबहादुर राय, 
राहुल देव, 
प्रकाश दुबे 
एवं विश्वनाथ सचदेव 
को सम्मानित किया जा चुका है। 

'लाल बलदेवसिंह सम्मान' से सर्वश्री गणेश साकल्ले, डाॅ. विवेक चैरसिया, विजय मनोहर तिवारी, भुवनेश जैन, अजित वडनेरकर को अलंकृत किया गया है। ’महेश गुप्ता सृजन सम्मान’ डाॅ. राधेश्याम शुक्ल एवं संत समीर को प्रदान किया गया है।

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ

ये पढ़ी हैं आपने?

ईदगाह: मुंशी प्रेमचंद की अमर कहानी | Idgah by Munshi Premchand for Eid 2025
जयश्री रॉय और प्रमोद राय को 'राजेंद्र यादव हंस कथा सम्मान' 2020-21
मन्नू भंडारी: कहानी - एक कहानी यह भी (आत्मकथ्य)  Manu Bhandari - Hindi Kahani - Atmakathy
Hindi Story: दादी माँ — शिवप्रसाद सिंह की कहानी | Dadi Maa By Shivprasad Singh
गुलज़ार की 10 शानदार कविताएं! #Gulzar's 10 Marvelous Poems
चाइल्ड इज़ द फ़ादर ऑफ़ मैन | वंदना राग | सरकफंदा उपन्यास अंश
कहानी कैसे लिखें — कहानी के तत्व — रोहिणी अग्रवाल
परिन्दों का लौटना: उर्मिला शिरीष की भावुक प्रेम कहानी 2025
अनुपमा गांगुली का चौथा प्यार : विजयश्री तनवीर : लोकल ट्रेन, मातृत्व और एक अधूरी मोहब्बत की मार्मिक कहानी
चित्तकोबरा क्या है? पढ़िए मृदुला गर्ग के उपन्यास का अंश - कुछ क्षण अँधेरा और पल सकता है | Chitkobra Upanyas - Mridula Garg