एक सिस्टम तुम्हारे देश, प्रदेश...रौंदता हुआ #UnnaoCase



बस सुन लेते हो?

— भरत तिवारी

The panel of doctors which conducted postmortem examination on the intervening night of Monday and Tuesday, noted down 14 ante-mortem injuries on Devendra’s body. The panel also found two of his teeth were broken recently and fresh injuries in jaw.

IG Lucknow range Sujeet Pandey “Girl’s father died because of septicaemia. I am yet to examine the complete report,” 


तुम कितनी धटिया लाश बन गए हो!


अगर तुम उन्नाव में लड़की के साथ हुए बलात्कार और उसके बाद उसके पिता की मौत का जिम्मेदार योगी सरकार, यूपी पुलिस, सिस्टम या बांगरमऊ से भाजपा विधायक कुलदीप सिंह सेंगर को मानते हो, तो यह क़बूल करने से पहले, एक बार यह सोच लो कि -- तुम्हारा मानव योनि में जनम किस लिए हुआ है, और जब तुम इन जिम्मेवारों और उनके बापों को हमने जांच के आदेश दे दिए हैं / एसआईटी गंठित हो गयी है / कल तक रिपोर्ट आ जाएगी / दोषियों को बक्शा नहीं जायेगा / प्रशासन अपना काम कर रहा है / जांच हो रही है / सस्पेंड कर दिया है... यह कहते बार-बार हज़ार बार घटना छोटी हो या बड़ी, सामान्य हो या वीभत्स. कन्वेंशनल हो या रेयरेस्ट ऑफ़ रेअर सुनते हो और 'बस सुन लेते हो'...

ज़रा सोचो यार, तुम क्या सच में ज़िन्दा हो?

नहीं हो!

तुम कितनी धटिया लाश बन गए हो!

एक सिस्टम तुम्हारे देश, प्रदेश, नदी, तालाब, मोहल्ला, स्कूल सब को तुम्हारे 'बस सुन लेते हो' के देखते देखते रौंदता हुआ, अपनी बलात्कारी प्रवृत्ति का झंडा लहराते हुए, तुम्हारे घर में घुस जाता है और तब तुम चिल्ला रहे होते हो और तुम ही बस सुन भी रहे होते हो.

राजनीति को तो सत्ता की प्यास है, माना, तुम्हारी भूख क्या है जो तुम उसकी सत्ता के लिए अपनों के कपड़े उतरवा रहे हो?

ज़रा सोचना तुम्हारे इस चू का फ़ायदा उठा-उठा कर तुम्हारा क्या हाल कर दिया है...छोडो तुम सोच नहीं पाओगे, तुम तो बस सुनते हो..मैं बताता हूँ

इंसान का दुश्मन इंसान को बना दिया

हिन्दू का दुश्मन मुसलमान और मुसलमान का दुश्मन हिन्दू बना दिया

ब्राह्मण का दुश्मन ठाकुर और ठाकुर का दुश्मन ब्राह्मण बना दिया

तथाकथित ऊँची जात का दुश्मन तथाकथित नीची जात को बना दिया

और हर जातों की जातों को आपस में दुश्मन बना दिया

दोस्त को दुश्मन बना दिया

परिवार को दुश्मन बना दिया

... और सुनोगे ? कितना सुनोगे यार, छोड़ो ये चु अब, हर बात में राजनीति देखना , तुम्हारा काम नहीं है यह उसका काम है जो तुम्हे बेवकूफ़ बना रहा है और वह यह खूब समझता है कि एक बार अगर तुमने राजनीति देखना बंद कर दिया तो उसकी और उसकी फैलायी गंदगी का खात्मा हो जायेगा.

इतना मैल भर लिया है तुमने उसकी सुन सुन कर कि बस,,,अब तुम्हे स्वच्छ मानस की ज़रुरत है.

भरत तिवारी


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