अलका सरावगी की मार्मिक कहानी 'एक पेड़ की मौत' को 2025 के पर्यावरण-सचेत युग में फिर से खोजें, जो प्रकृति और मानव संबंधों को दर्शाती है। (Pu…
आगे पढ़ें »समीक्षा / गांधी और सरला देवी चौधरानी : बारह अध्याय / अलका सरावगी Book Review / Gandhi Aur Saraladevi Chaudhrani : Barah Adhyay/ Alka Saraogi स्वत…
आगे पढ़ें »मुझे इस उपन्यास के शिल्प ने मुख्य रूप से आकर्षित किया शिल्प का बहुत सधा हुआ इस्तेमाल किया है दूरदर्शन के कार्यक्रम सुबह सवेरे में प्रो०…
आगे पढ़ें »कोलकाता में 'जानकीदास तेजपाल मैनशन' पर आयोजित परिचर्चा में साहित्य-प्रेमियों की उमड़ी भीड़ - ‘ विमर्शों के इस दौर में जब साहित्य…
आगे पढ़ें »‘जानकीदास तेजपाल मैनशन’ एक नहीं दो उपन्यास हैं, एक जो आत्मकथा के रूप में लिखा गया है और दूसरा उसी के साथ बेहद रचनात्मक ढंग से बुनी गयी घटनाओं क…
आगे पढ़ें »मशहूर लेखक, विचारक अशोक सेकसरिया का बीती रात (29-30 नवंबर) निधन हो गया । पिछले कुछ दिनों से बीमार चल रहे सेकसरिया जी के अचानक निधन की ख़बर से ह…
आगे पढ़ें »हद्द बेशरम हो तुम, जब बच्चे छोटे थे तो कभी गोदी में बिठाया तुमने? आज बड़े आये ह…
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