सोमवार, मई 22, 2017

परेश रावल "ख़ूनी-वक्तव्य" — ऋचा पांडे का ख़त #PareshRawal

सोमवार, मई 22, 2017
अरुंधती रॉय को सेना की जीप में बाँधो बजाय पत्थरबाज के ! — परेश रावल असहिष्णु परेश रावलजी , यह छोटा-सा पत्र आप से इस्ती...

साहित्य अकादमी ज़िन्दाबाद! — कृष्णा सोबती #KrishnaSobti

सोमवार, मई 22, 2017
उम्र भर लेखन करने के बाद हम लेखकों को दारूखोरा  गाली कतई सहन नहीं है — कृष्णा सोबती व्यंग्य हिंदुस्तान की राजधानी दिल्ली ...

रविवार, मई 21, 2017

शनिवार, मई 20, 2017

हिंदी कहानी : उदय प्रकाश — तिरिछ | uday prakash poetry and stories

शनिवार, मई 20, 2017
उदय प्रकाश की कहानी  तिरिछ  तिरिछ में उदय प्रकाश अपने नायक से कहलवाते है “ लेकिन मैं यह जानता हूँ, मुझे अच्छी तरह से महसूस होत...

शुक्रवार, मई 19, 2017

चतुर्भुज स्थान की सबसे सुंदर और महंगी बाई आई है

शुक्रवार, मई 19, 2017
शहर छूटा, लेकिन वो गलियां नहीं! — गीताश्री आखिर बाईजी का नाच शुरु हुआ। घर की औरतों को ऐसा नाच देखने की मनाही तो होती है, लेकि...

गूगलानुसार शब्दांकन

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